जांजगीर-चांपा: छत्तीसगढ़ में मतांतरण (Religious Conversion) के बढ़ते विवादों के बीच जांजगीर-चांपा जिले के शिवरीनारायण थाना क्षेत्र से एक बड़ी खबर सामने आई है। खरौद के तिवारीपारा स्थित एक निजी मकान में बिना अनुमति प्रार्थना सभा आयोजित करने को लेकर स्थानीय लोगों और आयोजकों के बीच भारी विवाद हो गया। स्थिति को बिगड़ता देख पुलिस ने हस्तक्षेप किया और मौके से 2 महिलाओं समेत कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
तिवारीपारा में प्रार्थना सभा को लेकर बवाल
मिली जानकारी के अनुसार, खरौद के तिवारीपारा स्थित एक घर में बड़ी संख्या में लोग एकत्र होकर प्रार्थना सभा कर रहे थे। जैसे ही इसकी भनक मोहल्ले के लोगों और स्थानीय संगठनों को लगी, उन्होंने कार्यक्रम की अनुमति को लेकर सवाल उठाए।
हंगामे की स्थिति: स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि इस सभा का उद्देश्य मतांतरण को बढ़ावा देना था। आयोजकों द्वारा अनुमति संबंधी दस्तावेज न दिखाए जाने पर मौके पर हंगामा शुरू हो गया और विवाद की स्थिति निर्मित हो गई।
पुलिस की एंट्री और 6 लोगों पर FIR
सूचना मिलते ही शिवरीनारायण पुलिस की टीम मौके पर पहुँची और भीड़ को शांत कराया। पुलिस ने प्राथमिक जांच में पाया कि इस आयोजन के लिए प्रशासन से कोई पूर्व अनुमति नहीं ली गई थी।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम: पुलिस ने येनिवेश साहू, किशन यादव, रमाशंकर साहू, मोतीलाल रात्रे और दो महिलाओं के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
कानूनी धाराएं: सभी 6 आरोपियों के खिलाफ BNSS (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता) की धारा 170, 126 और 135 (3) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है।
न्यायालय में पेशी और क्षेत्र में तनाव
पुलिस ने सभी आरोपियों को हिरासत में लेने के बाद तहसील न्यायालय में पेश किया। दिन भर चले इस घटनाक्रम के कारण तिवारीपारा और आसपास के इलाकों में माहौल गरमाया रहा। स्थानीय प्रशासन अब इस बात की जांच कर रहा है कि क्या इस सभा के पीछे किसी प्रकार का प्रलोभन या दबाव शामिल था।
Powered by Froala Editor




