मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार भ्रष्टाचार के प्रति 'जीरो टॉलरेंस' और सुशासन के मंत्र पर काम कर रही है। यहाँ उनके संबोधन के प्रमुख बिंदु दिए गए हैं:

1. बजट की नई थीम: 'SANKALP' (संकल्प)

पिछले वर्षों के 'GYAN' और 'GATI' के बाद, इस वर्ष का बजट 'संकल्प' के विषय पर आधारित है, जिसका अर्थ है:

  • S - समावेशी विकास (Inclusive Development)

  • A - अधोसंरचना (Infrastructure)

  • N - निवेश (Investment)

  • K - कुशल मानव संसाधन (Skilled HR)

  • A - अंत्योदय (Antyodaya)

  • L - आजीविका (Livelihood)

  • P - नीति से परिणाम तक (Policy to Performance)

2. पूर्ववर्ती सरकार पर कड़ा प्रहार:

  • ठगी का आरोप: मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस शासन में नारा गूंजता था— "ऐसा कोई सगा नहीं जिसे कांग्रेस ने ठगा नहीं।" * राजस्व में वृद्धि: उन्होंने उदाहरण दिया कि कांग्रेस काल में आबकारी राजस्व ₹5,110 करोड़ था, जो अब फर्जीवाड़े पर रोक लगने से ₹11,000 करोड़ अनुमानित है।

  • भ्रष्टाचार: उन्होंने पिछली सरकार पर शराब बिक्री और रेत खनन में बड़े पैमाने पर अनियमितताओं का आरोप लगाया।

3. आर्थिक प्रगति और खनिज राजस्व:

  • खनिज क्षेत्र: वर्ष 2021-22 में खनिज राजस्व ₹12,305 करोड़ था, जो 2024-25 में बढ़कर ₹14,592 करोड़ हो गया है (GSDP का 11%)।

  • भविष्य का लक्ष्य: वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंत तक इसे ₹17,000 करोड़ तक पहुँचाने का अनुमान है।

4. नक्सलवाद और ऊर्जा क्षेत्र में उपलब्धियां:

  • नक्सलवाद का अंत: सीएम ने कहा कि माओवादी हिंसा के विरुद्ध अभियान लोकतंत्र की जीत है। बड़ी संख्या में नक्सलियों का आत्मसमर्पण प्रधानमंत्री मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन का परिणाम है।

  • ऊर्जा हब: छत्तीसगढ़ की कुल विद्युत क्षमता 30,000 मेगावाट है। राज्य देश के अग्रणी ऊर्जा प्रदाता राज्यों में शामिल है।

  • विमानन: विकसित छत्तीसगढ़ की उड़ान के लिए राज्य में 'विमानन अधोसंरचना' का विस्तार किया जा रहा है।


प्रमुख आंकड़े: एक नज़र में

विभाग/क्षेत्रबजट/राजस्व विवरण
अनुमोदित बजट (CM विभाग)₹10,617.73 करोड़
खनिज राजस्व (2024-25)₹14,592 करोड़
अनुमानित खनिज राजस्व (2025-26)₹17,000 करोड़
कुल विद्युत क्षमता30,000 मेगावाट
आबकारी राजस्व अनुमान₹11,000 करोड़

Powered by Froala Editor