राजस्थान: टीएसपी क्षेत्रों में MBC, OBC और EWS आरक्षण की मांग; विजय बैंसला ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र, बताया 'असंवैधानिक'
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राजस्थान: टीएसपी क्षेत्रों में MBC, OBC और EWS आरक्षण की मांग; विजय बैंसला ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र, बताया 'असंवैधानिक'

12, 2, 2026

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जयपुर: विजय बैंसला ने टीएसपी (आदिवासी उप-योजना) क्षेत्रों में रहने वाले लाखों गैर-आदिवासी युवाओं के भविष्य का हवाला देते हुए वर्तमान नीति में बदलाव की मांग की है। उनके अनुसार, उदयपुर, डूंगरपुर और बांसवाड़ा जैसे जिलों में रहने वाले ओबीसी और एमबीसी वर्ग के युवा केवल अपने निवास स्थान के कारण आरक्षण से वंचित हैं।

बैंसला के पत्र के 3 मुख्य तर्क:

  1. क्षेत्रीय भेदभाव: बैंसला ने कहा कि संविधान का अनुच्छेद 15(1), 16(1) और 16(2) किसी भी नागरिक के साथ उसके 'निवास स्थान' (Place of Residence) के आधार पर भेदभाव करने की मनाही करता है। टीएसपी क्षेत्र में आरक्षण न देना इन मौलिक अधिकारों का उल्लंघन है।

  2. आरक्षण की विसंगति: वर्तमान में टीएसपी क्षेत्रों में 50% सीटें (45% ST और 5% SC) आरक्षित हैं, जबकि शेष 50% को 'सामान्य' माना जाता है। बैंसला की मांग है कि इस 'सामान्य' कोटे के भीतर ओबीसी, एमबीसी और ईडब्ल्यूएस को उनके निर्धारित प्रतिशत के अनुसार आरक्षण दिया जाए।

  3. अवसरों की हानि: टीएसपी क्षेत्र के बाहर (Non-TSP) एमबीसी को 5% और ईडब्ल्यूएस को 10% आरक्षण मिलता है, लेकिन टीएसपी क्षेत्र के युवाओं को इन श्रेणियों का लाभ सरकारी भर्तियों और शिक्षण संस्थानों में नहीं मिल पा रहा है।

टीएसपी (TSP) क्षेत्र की वर्तमान आरक्षण स्थिति:

श्रेणीटीएसपी क्षेत्र में आरक्षणनॉन-टीएसपी (सामान्य) क्षेत्र
अनुसूचित जनजाति (ST)45%12.5%
अनुसूचित जाति (SC)5%16%
OBC / MBC / EWS0% (सामान्य में गिने जाते हैं)क्रमशः 21%, 5%, 10%
अनारक्षित (General)50%शेष

प्रभावित क्षेत्र:

यह मांग मुख्य रूप से बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ और उदयपुर, सिरोही, राजसमंद, चित्तौड़गढ़ व पाली जिलों के अधिसूचित आदिवासी क्षेत्रों से जुड़ी है।


निष्कर्ष:

विजय बैंसला की यह मांग भजनलाल सरकार के लिए एक बड़ी चुनौती हो सकती है, क्योंकि टीएसपी क्षेत्रों में किसी भी प्रकार का बदलाव आदिवासी संगठनों के कड़े विरोध का सामना कर सकता है। हालांकि, कानूनी तौर पर 'निवास के आधार पर समानता' का तर्क इस मामले को उच्च न्यायालय या सर्वोच्च न्यायालय तक ले जा सकता है।

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