दिल्ली शराब नीति केस: केजरीवाल और सिसौदिया को हाईकोर्ट का 'अंतिम मौका'; ट्रायल कोर्ट की टिप्पणी हटाने पर 22 अप्रैल को होगा फैसला
आज की ताजा खबर
LIVE

दिल्ली शराब नीति केस: केजरीवाल और सिसौदिया को हाईकोर्ट का 'अंतिम मौका'; ट्रायल कोर्ट की टिप्पणी हटाने पर 22 अप्रैल को होगा फैसला

12, 2, 2026

1

image

नयी दिल्ली (3 अप्रैल 2026): दिल्ली उच्च न्यायालय ने कथित आबकारी नीति घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसौदिया को अपना जवाब दाखिल करने के लिए "अंतिम अवसर" दिया है। न्यायमूर्ति स्वर्ण कांता शर्मा की पीठ प्रवर्तन निदेशालय (ED) की उस याचिका पर सुनवाई कर रही है, जिसमें ट्रायल कोर्ट द्वारा जांच एजेंसी के खिलाफ की गई 'प्रतिकूल टिप्पणियों' को हटाने की मांग की गई है।

मुख्य बिंदु और विस्तृत विश्लेषण:

  • कोर्ट की सख्त चेतावनी: हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि यदि 22 अप्रैल की अगली सुनवाई तक जवाब दाखिल नहीं किया गया, तो प्रतिवादियों का पक्ष रखने का अधिकार बंद कर दिया जाएगा और मामला Ex-parte (एकपक्षीय) आगे बढ़ेगा।

  • विवाद की जड़: 27 फरवरी को राउज एवेन्यू कोर्ट ने केजरीवाल और सिसौदिया को डिस्चार्ज करते हुए ईडी की जांच शैली पर तीखी टिप्पणियां की थीं। ईडी का तर्क है कि ये टिप्पणियां "अनावश्यक और न्यायिक दायरे से बाहर" थीं, जिससे एजेंसी की साख को नुकसान पहुँच रहा है।

  • भ्रष्टाचार बनाम राजनीति: आम आदमी पार्टी इसे अपनी नैतिक जीत बता रही है, जबकि ईडी का कहना है कि ट्रायल कोर्ट ने उन सबूतों को नजरअंदाज किया जो मुख्यमंत्री कार्यालय की भूमिका की ओर इशारा करते थे।

  • भविष्य की राह: 22 अप्रैल की सुनवाई तय करेगी कि क्या ईडी के खिलाफ की गई टिप्पणियां रिकॉर्ड से हटाई जाएंगी या नहीं। इसका सीधा असर भविष्य में होने वाली अपीलों और अन्य आरोपियों की जमानत याचिकाओं पर पड़ेगा।

Powered by Froala Editor